Monday, 12 June 2017

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चेतना स्फूर्ति को भरकर
सुबह जब दस्तक देती है
आलस्य को त्यागकर तब
जागना होता है
मन शांत चित्त होकर
अपने आराध्य का आराधन करता है
किन्तु जब अखबारों में
यकायक नजर पड़ती है
वही नित्य की लूट खसोट
अपराधों लगा हो जमावड़ा जैसे
स्त्री का स्त्री के साथ दुर्व्यवहार
तो सवर्णों का दलितों पर
दलितों का प्रशासन पर
हिंदुओं का मुस्लिम पर
चारो ओर हाहाकार चीख पुकारों की खबरें
मन को गहरे झंझावातों में ले जाकर
हृदय में सुबह से ही उलझन पैदा कर देती है
आखिर कब मनुष्य मानवता को स्वीकार करेगा
कब मनुष्य से मानवता का व्यवहार करेगा ।

           प्रदीप कुमार गौतम
शोधार्थी, बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय, झाँसी

Saturday, 10 June 2017

अरविंद भारती के काव्य संग्रह 'युद्ध अभी जारी है' में संघर्षशील समाज की अभिव्यक्ति

प्रिय साहित्य मित्र अरविंद भारती जी द्वारा रचित "युद्ध अभी जारी है" नामक कविता संग्रह चार दिन पूर्व प्राप्त हुआ । यह 95 कविताओं का एक सशक्त काव्य संग्रह है । जिसमें दलित एवं स्त्री की पीड़ाओं को अभिव्यक्त किया गया है । भारती जी की पहली कविता 'कैद में हूँ' से  कविता संग्रह में व्याप्त सामग्री का मार्ग प्रशस्त करती है । भारतीय समाज में जातिगत व्यवस्था के कारण मनुष्य से मानव होने का अधिकार छीन लिया जाता है और जाति उसके पीछे दौड़ने लगती है । जहाँ व्यक्ति जाता है वहाँ जाति पहुँच जाती है । यदि कोई नवयुवक सूट बूट पहने हुए है, तो उससे उसकी जाति जानने के लिए नाम पूछा जाएगा , जब नाम से संतुष्ट नही हुए , तो पूरा नाम , गाँव का पता पूछा जाएगा और जैसे ही उसकी जाति की जानकारी हुई । वैसे ही दूषित मानसिकता के लोग उस नवयुवक से  इस तरीके  से व्यवहार करने लगते हैं, कि उसने कोई अपराध कर दिया हो । अरविंद भारती जी इस संदर्भ में अपनी कविता 'कैद में हूँ' में कहते हैं-
"और
जहाँ नही पहुँच पाती
वहाँ पूछते हैं नाम
पूरा नाम और पता
करते हैं एक्स-रे
कभी इस एंगिल से
कभी उस एंगिल से
जैसे मैं किसी और ग्रह का प्राणी हूँ
असल में जानना चाहते हैं जाति मेरी ।
इस तरह अरविंद भारती जी ने पूरे कविता संग्रह में जातीय पीड़ा से ग्रसित लोगों की समस्याओं को उजागर किया है ।
अभी मात्र साधारण चर्चा की गई है आगे बहुत जल्द भारती जी के कविता संग्रह की समीक्षा आप सभी की मध्य प्रस्तुत होगी ।
कविता संग्रह प्रेषित करने हेतु भारती जी का आभार

     प्रदीप कुमार गौतम
शोधार्थी, बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय, झाँसी
मोबाइल-8115393117

धम्म-पथ

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