मोहब्बत चीज ही ऐसी है
कभी होती है अपनों से
कभी होती है सपनों से
कभी अन्जान राहों से
कभी गुमनाम नामों से
मोहब्बत चीज ही ऐसी है.....
कभी होती है फूलों से
कभी बचपन के झूलों से
कभी बेइख्त्यारी में
कभी पक्के उसूलों में
मोहब्बत बस मोहब्बत है
मोहब्बत एक इबादत है .
मुहब्बत चीज ही ऐसी है …
दुखों में रुला देती है
,दर्द अनमोल देती है है
,मोहब्बत चीज ही ऐसी है.................
प्रदीप कुमार गौतम
१५/१२/२०१३
कभी होती है अपनों से
कभी होती है सपनों से
कभी अन्जान राहों से
कभी गुमनाम नामों से
मोहब्बत चीज ही ऐसी है.....
कभी होती है फूलों से
कभी बचपन के झूलों से
कभी बेइख्त्यारी में
कभी पक्के उसूलों में
मोहब्बत बस मोहब्बत है
मोहब्बत एक इबादत है .
मुहब्बत चीज ही ऐसी है …
दुखों में रुला देती है
,दर्द अनमोल देती है है
,मोहब्बत चीज ही ऐसी है.................
प्रदीप कुमार गौतम
१५/१२/२०१३
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