Monday, 13 January 2014

गुरु

 गुरु
आपकी रुसवाइयों पर
 लूट गये थे हम
आपकी क्लास पढ़ -पढ़ कर
पाक गये थे हम
पर हम नादान थे
जो कुछ समझ न सके
शैक्षिक तकनीकि कि क्लास
में कुछ पढ़ न सके
आप तो गुरु थे
गुरु का धर्म निभाया था
हम ही मक्कार थे
जो तकनीकि को गढ़ न सके
पर क्या पता था हमे
उसी मक्कारी ने सिखाया था
जो आज गुरु कृपा से
हमें इस काबिल बनाया था

 .... सादर समर्पित गुरु जी
                              
                        प्रदीप कुमार गौतम

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